जनता की सुरक्षा के लिए सरकार को उठाने होंगे कठोर कदम : भावना पांडे
भावना पांडे ने प्रदेश की लचर कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए इसके लिए सत्ताधारी भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि आम जनता को सुरक्षित वातावरण दिया जाना सरकार का कर्तव्य है किन्तु सरकार अपनी जवाबदेही से बच रही है।

देहरादून। देवभूमि उत्तराखंड में आज दहशत का माहौल है। निरंतर बढ़ते अपराधों की वजह से लोग ख़ौफ़ के साये में जीने को विवश हैं, वहीं प्रदेश के ऐसे हालातों पर राज्य की भाजपा सरकार चुप्पी साधे है। ये कहना है उत्तराखंड की बेटी, वरिष्ठ राज्य आंदोलनकारी एवं प्रसिद्ध समाजसेवी भावना पांडे का।
भावना पांडे ने प्रदेश की बिगड़ती कानून व्यवस्था पर रोष जताते हुए उन्होंने कहा कि आखिर देवभूमि को किसकी नज़र लग गई। इस प्रदेश की शांति आज पूरी तरह से भंग हो चुकी है। यहाँ कानून व्यवस्था ध्वस्त और अपराधियों का बोलबाला है। देहरादून जिले में तीन युवतियों की हत्याओं को अभी कुछ समय ही व्यतीत हुआ था कि बीते रोज राजधानी दून में एक युवती पर फिर से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया।
भावना पांडे ने कहा, बहन-बेटियों का आज घर से निकलना मुश्किल हो गया है। बढ़ते अपराध व माफिया राज ने इस प्रदेश की पहचान व सूरत बुरी तरह से बिगाड़ दी है। वहीं लोकतंत्र का चौथा स्तम्भ कहे जाने वाले पत्रकार भी आज सुरक्षित नहीं हैं। पत्रकारों पर हमलों की वारदातें फिर बढ़ने लगी हैं। जय भारत टीवी से जुड़े पत्रकार हेम भट्ट पर कुछ लोगों द्वारा हमला किए जाने की घटना अत्यंत चिंताजनक व निंदनीय है।
भावना पांडे ने प्रदेश की लचर कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए इसके लिए सत्ताधारी भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि आम जनता को सुरक्षित वातावरण दिया जाना सरकार का कर्तव्य है किन्तु सरकार अपनी जवाबदेही से बच रही है और बढ़ते अपराधों पर मौन है।
उन्होंने सरकार से मांग करते हुए कहा कि कानून व्यवस्था बनाये रखने में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। प्रदेश की जनता अपेक्षा करती है कि लापरवाह अधिकारियों के निलंबन के साथ-साथ न्यायपूर्ण कार्रवाई भी हो, ताकि व्यवस्था पर विश्वास बना रहे। सिर्फ प्रचार में धाकड़ बनने से कुछ नहीं होगा, जनता की सुरक्षा के लिए मुख्यमंत्री को धाकड़ कदम भी उठाने होंगे तभी जनता को थोड़ी राहत मिल पाएगी।




