उत्तराखण्ड
लोको पायलट की समझदारी से टला बड़ा हादसा, खतरे में पड़ सकती थी स्कूली बच्चों की जान
लोको पायलट ने सूझबूझ दिखाकर ट्रेन न रोकी होती तो बड़ा हादसा हो जाता। दोनों ओर 100 से अधिक वाहन ओर खड़े थे। मसूरी एक्सप्रेस दिल्ली से देहरादून आ रही थी। लोको पायलट को नकरौंदा फाटक के बंद होने का मैन्युअल तरीके से ग्रीन सिग्नल मिल गया था। ट्रेन आगे बढ़ रही थी तभी गेटमैन ने अचानक नकरौंदा फाटक खोल दिया। इससे वाहन ट्रैक पार करने लगे।

देहरादून। राजधानी देहरादून में डोईवाला और हर्रावाला के बीच नकरौंदा में ट्रेन गुजरने से ठीक पहले गेटमैन ने फाटक खोल दिया। इससे वहां अफरा-तफरी मच गई। लोको पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए ट्रेन रोक दी। उस वक्त फाटक के दोनों ओर 100 से अधिक वाहन खड़े थे, ऐसे में बड़ा हादसा बच गया। घटना के बाद रेलवे ने गेटमैन को निलंबित कर दिया है।
सूत्रों के मुताबिक घटना मंगलवार सुबह करीब 8:45 बजे की है। मसूरी एक्सप्रेस दिल्ली से देहरादून आ रही थी। ट्रेन डोईवाला में दो मिनट ठहरकर देहरादून के लिए रवाना हुई। ट्रेन को डोईवाला और हर्रावाला के बीच नकरौंदा फाटक से गुजरना था।



