समाजसेवी वंशिका सोनकर ने वट सावित्री व्रत और शनि जयंती के पावन अवसर पर दी शुभकामनाएं
शनि जयंती के पावन अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए जनसेवी वंशिका सोनकर ने कहा- यह पावन तिथि न्याय और कर्म के देवता भगवान शनि की उपासना का श्रेष्ठ अवसर है। उनकी कृपा से आपके जीवन में अनुशासन, संतुलन और सफलता का मार्ग प्रशस्त हो।

देहरादून। युवा भाजपा नेत्री, प्रसिद्ध समाजसेवी एवं वार्ड संख्या 18 इंदिरा कॉलोनी की नगर निगम पार्षद वंशिका सोनकर ने शनि जयंती एवं वट सावित्री व्रत के पावन अवसर पर समस्त देशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।
इस पावन अवसर पर जारी अपने संदेश में पार्षद वंशिका सोनकर ने कहा- ॐ शं शनैश्चराय नमः समस्त देशवासियों को शनि जयंती की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। भगवान शनिदेव की कृपा सभी पर बनी रहे, आप सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि का वास हो, यही प्रार्थना है।

शनि जयंती के पावन अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए जनसेवी वंशिका सोनकर ने कहा- यह पावन तिथि न्याय और कर्म के देवता भगवान शनि की उपासना का श्रेष्ठ अवसर है। उनकी कृपा से आपके जीवन में अनुशासन, संतुलन और सफलता का मार्ग प्रशस्त हो। आपके सभी कष्ट समाप्त हों, कर्मों में निष्ठा बनी रहे और जीवन में सही मार्ग का प्रकाश बना रहे। जय शनिदेव।
जनसेवी वंशिका सोनकर ने शनि जयंती के साथ ही वट सावित्री व्रत की शुभकामनाएं भी दी हैं। अपने शुभकामना सन्देश में वंशिका सोनकर ने कहा- प्रकृति के प्रति भारतीय भावों के समर्पण को दर्शाते महान पर्व ‘वट सावित्री व्रत पूजन’ की आप सभी मातृशक्ति को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। इस पावन अवसर पर ईश्वर से आपके सुखद एवं मंगलमय दांपत्य जीवन की कामना करती हूं।

वंशिका सोनकर ने कहा- हिन्दू धर्म में वट सावित्री व्रत का खास महत्व है। वट सावित्री व्रत भारतीय संस्कृति में विवाहित महिलाओं द्वारा मनाया जाने वाला प्रमुख उत्सव है। जिसमें महिलाएं बरगद के पेड़ की पूजा कर अपने पतियों और परिवार की भलाई के लिए उपवास करती हैं।
उन्होंने कहा कि वट सावित्री व्रत को करने से पति की लंबी उम्र, सुखी दांपत्य जीवन और अखंड सौभाग्य की प्राप्ति होती है। पौराणिक कथा के अनुसार, सावित्री ने अपने पति सत्यवान के प्राण यमराज से वापस लिए थे, जिससे यह व्रत अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है।




